नई दिल्ली। भारत के ज्यादातर हिस्सों में रहने वाले लोगों के लिए AC कोई लग्जरी नहीं रह गया है, बल्कि गर्मी के मौसम में ये एक जरूरत बन गया है। ज्यादातर लोग ये सोचकर AC खरीदते हैं कि ये बिना किसी बड़ी दिक्कत के सालों तक चलेगा। वैसे ये सच है, लेकिन कोई भी मशीन हमेशा के लिए नहीं बनी होती है। बाकी अप्लायंसेज की तरह, समय के साथ AC में भी खराबी आती है। रेगुलर सर्विसिंग इसकी उम्र बढ़ा सकती है, लेकिन एक वक्त ऐसा आता है जब सिर्फ रिपेयरिंग काफी नहीं होती। ऐसे में ये जानना जरूरी है कि अपना AC कब बदलना चाहिए। आइए जानते हैं इन्हीं संकेतों के बारे में।

रिपेयरिंग का काम बहुत ज्यादा बढ़ जाना
अगर आपके AC को बार-बार ठीक कराने की जरूरत पड़ रही है, तो ये साफ संकेत है कि कुछ गड़बड़ है। गैस लीक, डैमेज्ड कंप्रेसर या पाइप ब्लॉक होने जैसी समस्याएं बार-बार आ सकती हैं। जब रिपेयरिंग का खर्च बढ़ने लगे और एक नए यूनिट की कीमत के करीब पहुंच जाए, तो AC बदल लेना ही ज्यादा समझदारी है। जो मशीन बार-बार खराब होती है, वह आमतौर पर अपनी उम्र के आखिरी पड़ाव पर होती है।
