केंद्र सरकार खरीफ सीजन के लिए 64 लाख टन यूरिया और 19 लाख टन अन्य उर्वरकों का आयात करेगी। इससे देश में उर्वरकों की कमी नहीं होगी और यूरिया व डीएपी की खुदरा कीमतें स्थिर रहेंगी।

फरवरी में वैश्विक टेंडर के जरिये 13.07 लाख टन और हासिल किया गया, जबकि 25 लाख टन यूरिया के लिए और टेंडर निकाला गया है और इसके मई में आने की उम्मीद है। अधिकारी ने कहा, ज्यादातर आयात होर्मुज स्ट्रेट से होता है। हमें पूरा यकीन है कि हमें आपूर्ति समय पर मिल जाएगी।
घरेलू उत्पादन के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि गैस की किल्लत के चलते मार्च में उत्पादन पर असर पड़ा था और प्लांट का इस्तेमाल घटकर 60-65 प्रतिशत रह गया था। उन्होंने कहा, अब हमने ज्यादा कीमत पर भी गैस आयात करने के उपाय किए हैं।
