मुख्यमंत्री भगवंत मान गुरुवार को श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार के समक्ष पेश हुए। उन्होंने 25,000 से अधिक शिकायत पत्र सौंपे और वायरल वीडियो व सिख मुद्दों पर अपने बयानों पर स्पष्टीकरण दिया। मान ने कहा कि अकाल तख्त की सर्वोच्चता को कोई चुनौती नहीं दे सकता और जत्थेदार का हर फैसला स्वीकार होगा। जत्थेदार ने पांच सिंह साहिबान की बैठक बुलाकर आगे का निर्णय लेने की बात कही।

‘अकाल तख्त को चुनौती देने की औकात नहीं’
दरअसल, मुख्यमंत्री सुबह ग्यारह बजे श्री अकाल तख्त साहिब सचिवालय पहुंच गए थे। हालांकि, जत्थेदार के आगे उनकी पेशी 12 बजे हुई। लगभग चालीस मिनट तक सचिवालय में रहने के बाद मान ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि श्री अकाल तख्त साहिब को चुनौती देने की उनकी औकात नहीं है। मैं विनम्र सिख की भांति यहां आया हूं।
