उच्च न्यायालय ने विशेष मतदाता सूची संशोधन अभियान की समयसीमा में हस्तक्षेप करने से इनकार करते हुए स्पष्ट किया है कि निर्वाचन आयोग को चुनाव संबंधी प्रक्रियाओं के संचालन का संवैधानिक अधिकार प्राप्त है। न्यायालय ने कहा कि जब तक किसी प्रक्रिया में स्पष्ट रूप से कानून का उल्लंघन या संवैधानिक प्रावधानों का हनन साबित नहीं होता, तब तक न्यायिक हस्तक्षेप की आवश्यकता नहीं होती।
यह मामला विशेष मतदाता सूची संशोधन अभियान की समयसीमा को चुनौती देने वाली याचिका से जुड़ा था। याचिकाकर्ता ने दलील दी थी कि निर्धारित समयसीमा कम होने के कारण कई पात्र नागरिकों को मतदाता सूची में नाम जुड़वाने, संशोधन कराने या त्रुटियां ठीक कराने में कठिनाई हो सकती है। उन्होंने अदालत से समयसीमा बढ़ाने और निर्वाचन आयोग को नए निर्देश जारी करने की मांग की थी।
सुनवाई के दौरान निर्वाचन आयोग की ओर से कहा गया कि विशेष संशोधन अभियान निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार चल रहा है और मतदाताओं की सुविधा के लिए विभिन्न माध्यमों से आवेदन स्वीकार किए जा रहे हैं। आयोग ने यह भी बताया कि ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से नाम जोड़ने, हटाने और संशोधन की प्रक्रिया उपलब्ध है तथा सभी जिलों में संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।
दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद उच्च न्यायालय ने कहा कि निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़े प्रशासनिक निर्णय लेने का अधिकार निर्वाचन आयोग के पास है। अदालत ने माना कि आयोग अपनी निर्धारित समयसीमा और प्रक्रियाओं के अनुसार कार्य कर रहा है तथा इस स्तर पर न्यायालय द्वारा हस्तक्षेप करना उचित नहीं होगा। हालांकि न्यायालय ने यह भी कहा कि निर्वाचन आयोग यह सुनिश्चित करे कि सभी पात्र मतदाताओं को निर्धारित प्रक्रिया के तहत आवेदन करने का उचित अवसर मिले और किसी भी पात्र नागरिक को अनावश्यक कठिनाई का सामना न करना पड़े।
कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि यह निर्णय चुनावी प्रक्रिया की स्वायत्तता और निर्वाचन आयोग की संवैधानिक भूमिका को मजबूत करता है। वहीं राजनीतिक दल और नागरिक संगठन अब आयोग की आगामी कार्यवाही और विशेष मतदाता सूची संशोधन अभियान की प्रगति पर नजर बनाए हुए हैं। निर्वाचन आयोग ने नागरिकों से अपील की है कि वे समयसीमा के भीतर अपने मतदाता विवरण की जांच कर आवश्यक संशोधन या नया पंजीकरण अवश्य कराएं, ताकि आगामी चुनावों में मतदान का अधिकार सुगमता से प्रयोग किया जा सके।
