राजधानी दिल्ली में लगातार हो रही बारिश और मौसम विभाग द्वारा आगामी दिनों में वर्षा की संभावना को देखते हुए शिक्षा विभाग ने सभी सरकारी, सहायता प्राप्त और निजी विद्यालयों के लिए विशेष सुरक्षा दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इन निर्देशों का उद्देश्य विद्यार्थियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और बारिश के दौरान किसी भी प्रकार की दुर्घटना से बचाव करना है।
शिक्षा विभाग ने विद्यालय प्रबंधन को निर्देश दिए हैं कि परिसर में जलभराव, फिसलन और खुले बिजली के तारों जैसी संभावित जोखिम वाली स्थितियों पर विशेष नजर रखी जाए। स्कूल भवनों की छतों, सीढ़ियों, खेल मैदानों और जल निकासी व्यवस्था का निरीक्षण करने के भी निर्देश दिए गए हैं, ताकि बारिश के कारण किसी प्रकार की परेशानी उत्पन्न न हो। यदि किसी भवन में संरचनात्मक कमजोरी या पानी का रिसाव पाया जाता है तो उसे तुरंत ठीक कराने के लिए कहा गया है।
विद्यालयों को यह भी सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है कि छात्रों को बारिश के दौरान खुले मैदानों, जलभराव वाले क्षेत्रों और बिजली के खंभों के आसपास जाने से रोका जाए। सुबह और दोपहर की छुट्टी के समय शिक्षकों और विद्यालय कर्मचारियों को मुख्य द्वार पर तैनात रहने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि विद्यार्थियों को सुरक्षित रूप से घर भेजा जा सके।
स्कूल बस संचालकों और परिवहन सेवाओं को भी विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं। जलभराव वाले मार्गों से बचने, वाहन की गति नियंत्रित रखने और मौसम की स्थिति के अनुसार वैकल्पिक मार्ग अपनाने की सलाह दी गई है। अभिभावकों से भी अनुरोध किया गया है कि वे मौसम की जानकारी पर नजर रखें और आवश्यकता होने पर बच्चों को रेनकोट, छाता तथा अन्य आवश्यक सुरक्षा सामग्री के साथ विद्यालय भेजें।
स्वास्थ्य विभाग ने बारिश के मौसम में डेंगू, मलेरिया और अन्य जलजनित बीमारियों से बचाव के लिए भी विद्यालयों को जागरूकता अभियान चलाने की सलाह दी है। स्कूल परिसरों में साफ-सफाई बनाए रखने, पानी जमा न होने देने और स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया गया है।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यदि मौसम अत्यधिक खराब होता है या किसी क्षेत्र में जलभराव की स्थिति गंभीर हो जाती है, तो स्थानीय प्रशासन की सलाह के अनुसार आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। शिक्षा विभाग ने कहा है कि विद्यार्थियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और सभी विद्यालयों को जारी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करना होगा।
